बोकारो, जनवरी 9 -- बोकारो, प्रतिनिधि। शब्द सरिता महोत्सव के अंतर्गत आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में संथाली नृत्य (जागो जगाओ ग्रुप) द्वारा प्रस्तुत नृत्य-नाट्य ने कार्यक्रम की भव्यता में चार चांद लगा दिए। विनोद कुमार व उनके समूह की प्रस्तुति ने दर्शकों को झारखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से गहराई से जोड़ दिया। इस अवसर पर प्रस्तुत नृत्य-नाट्य झारखंड की भूमि, खेती से जुड़ाव, अपनी महान पहचान को संजोए रखने तथा नृत्य-नाट्य के माध्यम से शोषण के विरुद्ध आवाज उठाने की परंपरा को सशक्त रूप से दर्शाता है। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि सोनार झारखंड की संकल्पना में नृत्य की महत्वपूर्ण भूमिका है, जो समाज को ऊर्जावान एवं जागरूक बनाती है। झारखंडी मंदर की थाप ने अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष की भावना को पुनः जीवंत कर दिया और भगव...