फतेहपुर, फरवरी 10 -- फतेहपुर। शहर के ताम्बेश्वर मंदिर के बगल में चल रही श्रीराम कथा के नौवे दिन मंगलवार को कथा वाचक अरण्य कांड और माता शबरी समेत अन्य कथाएं सुनाकर श्रोताओं को भक्ति रस में डुबो दिया। कथा सुनने के लिए भक्तों की खासी भीड़ रही। कथा वाचक शांतनु महराज ने अरण्यकांड की कथा प्रारम्भ किया एवं जयंत के मानभंग की कथा सुनाई। नारद जी के समझाने पर वह भगवान के पास आकर क्षमा मांगी है और भगवान ने उसे क्षमा किया है, यहां से प्रभु अत्रि अनुसुइया जी के आश्रम में आये है दोनों अत्यंत प्रसन्न हुए। माता अनुसुइया ने सीता जी को स्त्रीधर्म की बहुत सी बातें सिखलाई। वहीं गिद्धराज जटायु के तीन मार्मिक प्रसंग को सुनाया। वहीं माता शबरी के प्रसंग को सुनाते हुए महाराज ने कहा कि शबरी सम्पूर्ण मानस में धैर्य व प्रतीक्षा की साक्षात प्रतिमूर्ति हैं। इस मौके पर भ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.