नई दिल्ली, अगस्त 4 -- मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने हाल ही में एक मर्डर केस के मामले में दो आरोपियों को बरी करते हुए राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को हत्या के एक मामले में गवाहों को प्लांट करने के आरोप में एक जांच अधिकारी (आईओ) और अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ जांच करने का निर्देश दिया है। जस्टिस विवेक अग्रवाल और जस्टिस अवनींद्र कुमार सिंह की खंडपीठ ने 2021 के एक मामले में पिता-पुत्र को बरी करते हुए यह निर्देश दिया। कोर्ट ने डीजीपी को पुलिस द्वारा उचित जांच के लिए उचित दिशानिर्देश जारी करने का भी निर्देश दिया। बार एंड बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक कोर्ट ने आदेश दिया, इस बात की जांच की जाए कि निर्दोष लोगों को फंसाने के लिए उन्होंने झूठे गवाह क्यों प्लांट किए और उसके बाद तीस दिनों के भीतर रिपोर्ट पेश की जाए। मृतक राजेंद्र सितंबर 2021 में लापता हो...
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