संभल, जून 26 -- जनपद में काफी संख्या प्राथमिक विद्यालय व उच्च प्राथमिक विधालयों को छात्र संख्या कम होने पर मर्जर किया जा रहा है। इसको जूनियर शिक्षकों एतराज जाहिर किया है। राज्य मंत्री को गुलाबी देवी को ज्ञापन सौंपकर अवगत कराया है कि इससे शिक्षा की गुणवत्ता पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। शिक्षकों ने इस बारे में उचित कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया है कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा 50 से कम छात्र संख्या वाले परिषदीय विद्यालयों को समीपस्थ विद्यालयों में विलय करने की प्रक्रिया चलाई जा रही है। यह निर्णय निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम 2009 की भावना और प्रावधानों के प्रतिकूल है। आरटीई एक्ट की धारा 6 के अनुसार, प्रत्येक बच्चे के लिए उसकी बस्ती के निकट एक प्राथमिक विद्यालय तथा 3 किमी की दूरी पर उच्च प्राथमिक विद्यालय ...