रांची, अगस्त 19 -- रांची। झारखंड हाईकोर्ट में सोमवार को उस जनहित याचिका पर सुनवाई हुई, जिसमें राज्य सरकार द्वारा कॉमर्शियल वाहनों की फिटनेस जांच रिपोर्ट पर मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर (एमवीआई) के हस्ताक्षर अनिवार्य किए जाने के फैसले को चुनौती दी गई है। सुनवाई के दौरान अदालत ने राज्य सरकार से जवाब मांगा। हालांकि, राज्य सरकार की ओर से पूर्व निर्धारित समय में जवाब दाखिल नहीं किया गया था। इस पर पुनः समय की मांग की गई। अदालत ने दो सप्ताह का समय देते हुए सरकार को विस्तृत जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई दो सप्ताह बाद होगी। याचिकाकर्ता पंकज यादव ने दायर पीआईएल में कहा है कि सरकार का यह नियम महज वसूली के उद्देश्य से बनाया गया है। उनके अनुसार, जब फिटनेस जांच मशीनों से की जाती है, तो उस पर अधिकारी के हस्ताक्षर को अनिवार्य क...
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