रामपुर, जुलाई 17 -- रामपुर, संवाददाता। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए वर-वधू के विवाह से पहले उनकी बायोमीट्रिक उपस्थिति दर्ज होगी। इसके बाद ही उन्हें सरकारी योजना का लाभ दिया जाएगा। यह व्यवस्था साल के अंत तक होने वाले आयोजन में लागू हो जाएगी। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की बेटियों की शादी के लिए सरकार मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का संचालन करती है। इस योजना में इस बार बदलाव किया गया है। अभी तक योजना में प्रति जोड़े पर 51 हजार रुपये की धनराशि खर्च होती थी। अब एक लाख रुपये प्रति जोड़ा खर्च किए जाएंगे। कन्या के बैंक खाते में 51 हजार रुपये जमा किए जाएंगे और बाकी धनराशि उपहार और आयोजन पर खर्च की जाएगी। अक्सर शिकायतें मिलती हैं कि वर या वधू के दस्तावेज फर्जी तरीके से तैयार कर दिए जाते हैं। इस पर रोक लगाने के लिए शासन ने...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.