औरंगाबाद, अगस्त 30 -- दाउदनगर प्रखंड के बाबू अमौना निवासी उमेश चंद्रवंशी का 26 वर्षीय राजीव रंजन उर्फ मुकेश कुमार पटना-दानापुर रेलमार्ग पर खाना बेचकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। वह कई दिनों से संपर्क से बाहर था। 23 और 24 अगस्त से उसका कोई पता नहीं चलने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इसी बीच एक वाट्सएप ग्रुप में लावारिस लाश की तस्वीर वायरल हुई। तस्वीर देखने के बाद राजीव रंजन के भाई-बहन और पत्नी ने कपड़े व शारीरिक बनावट से उसकी पहचान कर ली। परिजनों के मुताबिक, तब तक रुपसपुर थाना पुलिस ने शव की पहचान नहीं होने और दुर्गंध फैलने का हवाला देकर लावारिस मानते हुए जला दिया था। घटना की जानकारी मिलते ही मुखिया प्रतिनिधि एवं यादव महासभा किसान प्रकोष्ठ के महासचिव नागेंद्र सिंह पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने शोकाक...