गंगापार, फरवरी 22 -- तहसील मुख्यालय पर अधिकारियों के लिए लगाए गए वाहनों को आठ माह से सरकारी ईंधन नहीं मिल पा रहा है। जिससे पेट्रोल पंप के मालिक ने डीजल देने से मना कर दिया। अलावा इसके प्राइवेट वाहन मालिकों को वाहन का किराया व ड्राईवरों का पगार नहीं दिया जा सका। जिससे सरकारी वाहन किसी भी समय खड़ा हो सकते हैं। सूत्रों की मानें तो तहसील मुख्यालय पर कार्य करने वाले नायब तहसीलदार मेजा, मांडा व लालतारा के लिए तीन वाहन दिए गए हैं। तीनों वाहन अलग-अलग मलिकों के हैं। इन वाहन मालिकों को ड्राईवर सहित एक मुश्त 25 हजार दिया जाता है, इसके अलावा डीजल देने के लिए एक पेट्रोल पंप निर्धारित है। सूत्र बताते हैं कि पेट्रोल पंप मालिक का भी लाखों रुपये बकाया है। जिसे कई माह से नहीं मिल सका है। सूत्रों ने बताया कि तहसील मुख्यालय ही नहीं अन्य विभागों में सरकारी वाह...