गोंडा, मार्च 6 -- गोण्डा, संवाददाता। मुकद्दस रमजान के पांचवें रोजे के दिन बड़ी संख्या में मुसलमानों ने विभिन्न मस्जिदों में नमाज अदा की। पूरे दिन हर नमाज के बाद कुरआन की तिलावत से मस्जिदें गूंजती रही। उलेमा का कहना है कि रोजेदारों को माहे रमजान में जरूरतमंदों की अधिक से अधिक मदद करनी चाहिए। इसके बदले अल्लाह तआला बशुमार बरकतें अता फरमाता है। ऐसे में मदद के लिए जरूर आगे जाना चाहिए। जुमा मस्जिद के इमाम मौलाना रजीउद्दीन ने बताया कि रोजेदारों को चाहिए कि वह अपने पड़ोसियों, रिश्तेदारों में उन लोगों का भी ख्याल रखें जो कि गरीबी की वजह से रमजान में परेशान नजर आते है। गरीब की मदद करना हम पर लाजिम है। कहा कि पैगंबरे इस्लाम हजरत मुहम्मद अल्लाह की राह में दिल खोलकर खर्च किया करते थे। साथ ही सहाबा से भी ऐसा करने को कहा करते थे। मौलाना ने कहा कि अल्लाह क...
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