मुजफ्फरपुर, अप्रैल 7 -- मुजफ्फरपुर, वरीय संवाददाता, सोमनाथ सत्योम। बीते पांच साल में जंक्शन पर कुलियों की संख्या में काफी कमी आई है। वर्ष 2020 की तुलना में संख्या करीब 60 प्रतिशत तक घटी है। वर्ष 2020 में जंक्शन पर इनकी संख्या 223 थी, जो अब महज 89 रह गई है। रोजगार नहीं मिलने से आने वाले दिनों में इनकी संख्या और कम हो सकती है। माना जा रहा है कि व्यक्तिगत सामान संभालने की प्रथा बढ़ने से इनके रोजगार पर असर बढ़ा है। ट्रॉली और बैग के बढ़ते प्रचलन से कुलियों के रोजगार पर संकट पैदा हो गया है। कुलियों ने बताया कि कुछ साल पहले तक दिनभर में वे हजार से 1500 रुपये कमा लेता था। लेकिन, अब 500 पर भी आफत है। पूरे दिन प्लेटफॉर्म पर बैठकर समय काटना पड़ता है। ट्रेनों के आने का इंतजार भी अब नहीं होता है। 30-35 कुलियों को मिलता था काम : बताया कि पवन एक्सप्रेस,...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.