रामपुर, फरवरी 22 -- रामपुर। दनियांपुर गांव में चल रही श्रीमद्भागवत कथा का शनिवार को समापन हुआ। शनिवार की सुबह हवन यज्ञ किया गया, हवन यज्ञ में आहूतियां देकर यजमानों ने विश्व कल्याण की कामना की। कथावाचक डॉ. रमेश चन्द्र शर्मा (दीक्षित)ने रुक्मिणी विवाह और सुदामा के चरित्र का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि रूक्म देश की राजकुमारी रूक्मिणी का विवाह शिशुपाल नामक क्रूर राजा के साथ हुआ था। वह भगवान श्रीकृष्ण को चाहती थीं। रुक्मिणी के आमंत्रण पर ही श्रीकृष्ण ने शिशुपाल और रुक्म के एस हजार राक्षसों को परास्त करके रुक्मिणी के साथ विवाह किया था। जगदीश शर्मा ने बताया सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शनिवार को समापन हुआ और रविवार को भंडारे का आयोजन किया जाएगा।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...