लखनऊ, फरवरी 28 -- ट्रेजरी में 14 लोगों ने रिटायर कर्मचारी बनकर पेंशन लेने का प्रयास किया। इसके लिए इन लोगों ने जीवित होने का सर्टिफिकेट भी दिया। फार्म भी भर दिया। लेकिन अधिकारियों की सजगता से पकड़े गए। फाइलों की जांच की गई तो पता चला कि यह किसी विभाग से रिटायर ही नहीं हुए थे। फिर भी आवेदन कर दिया। जब से एक महिला लेखाकार ने अपने रिश्तेदारों के नाम फर्जी पेंशन खाता खोलकर 1.42 करोड रुपए ट्रांसफर किया तब से यहां के अधिकारी काफी सजग हो गए हैं। वह एक-एक फाइल की जांच कर रहे हैं। एक-एक पेंशन धारक की फोटो मिला रहे हैं। ताकि कोई बाहरी व्यक्ति या कर्मचारी फर्जीवाड़ा न कर पाए। इसी का नतीजा है कि 14 ऐसे लोगों के प्रार्थना पत्र पकड़े गए हैं जो सरकारी कर्मचारी थे ही नहीं। यह किसी विभाग से रिटायर भी नहीं हुए हैं। लेकिन इन्होंने ट्रेजरी से पेंशन लेने का प...
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