सहरसा, अगस्त 10 -- महिषी, एक संवाददाता। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी महिषी स्थित ऐतिहासिक रामशाला में नौ दिनों तक चलने वाला नवाह रामायण पाठ शुक्रवार की देर शाम से विधिवत रूप से आरंभ हो गया। परंपरा के अनुसार श्रावण पूर्णिमा से इस पाठ की शुरुआत होती है, जो नौंवे दिन हवन के साथ संपन्न होता है। स्थानीय बुजुर्गों के अनुसार, इस परंपरा की शुरुआत रामशाला की स्थापना के समय से ही मानी जाती है। रामशाला महिषी का अति प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है, जहां लाखों पार्थिव महादेवों का पूजन कर उन्हें धरती में गाड़ दिया जाता है। यह स्थान स्थानीय लोगों के लिए सच्चा न्यायालय भी माना जाता है, जहां झूठी कसम खाने वालों को परिणाम भुगतना पड़ता है। नवाह रामायण पाठ ग्रामीणों के सहयोग से आयोजित होता है, जिसमें सभी लोग सुख, शांति और समृद्धि की कामना करते हैं। आयोजन में रामशा...
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