मिर्जापुर, दिसम्बर 7 -- जिगना। सीओ सिटी विवेक जावला ने बताया कि मृत रंजना की मानसिक हालत ठीक नहीं थी। उसने पहले भी दो बार आत्मघाती कदम उठाया था, लेकिन उस दौरान समय रहते ही घरवालों ने देख लिया था। परिजनों ने उस समय समझा बुझा लिया था, लेकिन शनिवार को रंजना ने तीसरी बार फिर आत्मघाती कदम उठाया और अपनी बेटी को जहर देने के बाद खुद भी पी लिया, जिससे दोनों की वाराणसी में उपचार के दौरान जान चली गई। मां-बेटी की मौत से घर में कोहराम मच गया। इस घटना में समय रहते ही बड़ी बेटी ने समझादारी दिखाई, जिससे उसकी जान बच गई। बड़ी बेटी 12 वर्षीया अतिस्था ने बताया कि मां ने उसे भी ग्लूकोज बताकर कीटनाशक पीने के लिए दबाव दिया तो वह भाग निकली। उसने देखा कि मां ने भी वही घोल पी लिया। वह भागकर पांच सौ मीटर दूर तालाब के पास बड़े पिता मटर पटेल के पास पहुंची। उन्हें बताया ...