प्रयागराज, दिसम्बर 10 -- उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र (एनसीजेडसीसी) में आयोजित दस दिवसीय राष्ट्रीय शिल्प मेले का बुधवार को समापन हो गया। समापन पर बीस प्रांतों से आए शिल्पकारों ने एक-दूसरे को गले लगाकर विदाई तो वहीं मुक्ताकाशी मंच पर अंतिम दिन एक से बढ़कर एक रंगारंग कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां हुईं। प्रयागराज की पूर्णिमा कुमार व दल ने पारंपरिक गीत कावना के ढेड़िया कवन के दुलारिया, पूजन चली ढेड़िया ओ सावरा गोरिया गीत पर ढेड़िया नृत्य व झूमर नृत्य की प्रस्तुति से समां बांधा। दिल्ली से आईं कविता द्विवेदी व दल ने गंगा स्तुति पर आधारित ओडिशी नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी। प्रयागराज के शुभम कुमार व साथियों ने महिषासुर मर्दिनी पर आधारित नृत्य नाटिका की प्रस्तुति दी। लखनऊ से आए वरुण कुमार ने चलो मन गंगा यमुना तीर, बाजे रे मुरलिया व नजरिया ल...
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