बलरामपुर। अविनाश त्रिपाठी, नवम्बर 17 -- जनपद में मत्स्य पालन से जुड़े किसान अब सिंघाड़ा और मखाने की खेती कर तरक्की की इबारत लिखेंगे। जनपद में उद्यान विभाग पहली बार 10-10 हेक्टेयर में मखाने की खेती कराएगा। विभाग की तरफ से किसानों को 40 हजार रुपए प्रति हेक्टेयर अनुदान के साथ मखाने के बीज भी मुहैया कराएगा। विभाग मछली पालन से जुड़े किसानों से संपर्क कर उन्हें प्रोत्साहित करने में जुटा है। मछली पालन के साथ सिंघाड़ा व मखाने की खेती एक साथ करके किसान दोहरा लाभ अर्जित कर सकते हैं। इसके लिए अनुदान का प्रबंध भी किया गया है। जनपद में करीब एक हजार तालाबों में मछली पालन किया जाता है। इसमें करीब छह सौ निजी तालाब हैं। मछली उत्पादन तराई में मशहूर है। जिला उद्यान अधिकारी संतोष कुमार दूबे का कहना है कि अब यहां के किसान मखाना और सिंघाड़ा की खेती भी करेंगे। ...