सिद्धार्थ, जनवरी 23 -- सिद्धार्थनगर, हिटी। सरकार ने यूजीसी यूक्लिटी बिल पास कर सामान्य वर्ग के साथ धोखा किया है। उसमें सामान्य वर्ग को प्रतिनिधित्व नहीं मिला है। सामान्य वर्ग का कोई सदस्य नहीं होने से विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों में पढ़ने वाले छात्रों की दिक्कत बढ़ेगी। उनके साथ अन्याय होने पर कोई सुनवाई नहीं होगी इससे छात्रों में असंतोष बढ़ रहा है। बिल को तत्काल निरस्त किया जाना चाहिए। सिविल सिद्धार्थ बार एसोसिएशन के नेतृत्व में कलक्ट्रेट पहुंचे अधिवक्ताओं ने प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में कहा है कि यूजीसी यूक्लिटी बिल विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों में लागू किया गया है। उसमें सामान्य सदस्य बनाने का कोई प्रावधान नहीं है। ऐसे में सामान्य वर्ग के छात्रों पर आरोप लगाते हुए उन्हें बगैर सुनवाई के निष्कासित किया...