शाहजहांपुर, फरवरी 5 -- स्वामी शुकदेवानंद महाविद्यालय में वाणिज्य विभाग के तत्वावधान में चल रहे प्रबंधकीय विकास कार्यक्रम के दूसरे दिन नेतृत्व कौशल और आत्म-जागरूकता पर केंद्रित सत्र आयोजित किया गया। इस अवसर पर महात्मा ज्योतिबा फुले रोहिलखंड विश्वविद्यालय बरेली के क्षेत्रीय अर्थशास्त्र विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. रुचि द्विवेदी ने युवाओं को संबोधित किया। डॉ. रुचि द्विवेदी ने "नेता के रूप में स्वयं को समझना" विषय पर कहा कि आज का युवा केवल नौकरी की तलाश तक सीमित नहीं है, बल्कि उसमें रोजगार सृजन की क्षमता भी है। इसके लिए सबसे पहले स्वयं की क्षमताओं, रुचियों और सीमाओं को पहचानना जरूरी है। उन्होंने आत्म-जागरूकता को प्रभावी नेतृत्व की बुनियाद बताते हुए कहा कि अपनी सोच, भावनाओं और व्यवहार को समझने वाला व्यक्ति ही सही निर्णय ले सकता है। उन्होंने...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.