नई दिल्ली, जुलाई 18 -- मार्क जुकरबर्ग और मेटा प्लेटफॉर्म्स के वर्तमान व पूर्व डायरेक्टर्स ने गुरुवार को एक समझौता कर लिया है। यह समझौता उस Rs.8 अरब डॉलर के मुकदमे को खत्म कर देता है, जिसमें शेयरहोल्डर्स ने आरोप लगाया था कि फेसबुक यूजर्स की प्राइवेसी बार-बार लीक होने पर इन अधिकारियों ने कंपनी को नुकसान पहुंचाया। दोनों पक्षों ने समझौते की जानकारी सार्वजनिक नहीं की है।शेयरहोल्डर्स के आरोप क्या थे? मेटा के निवेशकों ने जुकरबर्ग, निदेशक मार्क एंड्रीसेन और पूर्व सीओओ शेरिल सैंडबर्ग समेत 11 लोगों पर मुकदमा किया था। उनका कहना था कि इन लोगों की लापरवाही की वजह से कंपनी को पिछले सालों में भारी जुर्माना और कानूनी खर्चे उठाने पड़े। इनमें अमेरिकी ट्रेड कमीशन (FTC) का 2019 में लगाया गया Rs.5 अरब डॉलर का जुर्माना भी शामिल था। निवेशक चाहते थे कि ये अधिकारी...
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