लखनऊ विजय वर्मा, जनवरी 14 -- नोएडा अथॉरिटी में 117 करोड़ से अधिक के मुआवजा घोटाले में फंसे अफसरों की संपत्तियों की जांच एसआईटी ने शुरू कर दी है। एसआईटी ने प्रदेश के सभी विकास प्राधिकरणों व जिलों के अधिकारियों से इन अफसरों और उनके परिजनों की संपत्तियों का विवरण तलब किया है। एसआईटी सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर घोटाले की जांच कर रही है। जांच के दायरे में दो आईएएस अफसरों सहित 12 बड़े अधिकारी, उनके पत्नी, बेटे-बेटियां और करीबी रिश्तेदार आ गए हैं। अब तक मुआवजा वितरण में हुए घोटाले तक सीमित रही जांच को एसआईटी ने और व्यापक कर दिया है। पुलिस महानिदेशक, कारागार प्रशासन की अध्यक्षता में गठित एसआईटी ने साफ कर दिया है कि अब सवाल सिर्फ गलत मुआवजे का नहीं, बल्कि आय से अधिक संपत्ति का है। एसआईटी के एसपी संजीव कुमार बाजपेई ने 2 जनवरी को प्रदेश के सभी विकास प्...