रामपुर, दिसम्बर 4 -- रामपुर के नोगमा गांव से ताल्लुक रखने वाले मुफ्ती कमर मिस्र से तालीम हासिल कर अपने घर लौट आए। उन्होंने मिस्र की आलमी सतह पर पहचान रखने वाली यूनिवर्सिटी से अपनी तालीम हासिल की। मिस्र वह सरज़मीन है जिसने सदियों से इल्म का परचम बुलंद रखा है। काहिरा की मस्जिदें, दारुल उलूम, जामिआत और वहाँ का इल्मी माहौल पूरी दुनिया को हमेशा से आकर्षित करता आया है। वहाँ से तालीम हासिल करना एक बड़ी नेमत, इज़्ज़त और क़ौम के लिए फ़ख़्र की बात मानी जाती है। तमाम बड़े आलिम, मुफ़्ती, क़ारी और इस्लामी मुहक़्क़िक़ मिस्र की गलियों से होकर गुज़रते हुए दुनिया में रोशनी फैलाते रहे हैं। ऐसे ही मुक़द्दस और इल्मी माहौल में रहकर मुफ़्ती क़मर साहब का तालीम हासिल करना और फिर गाँव नोगमा का नाम रोशन करते हुए वापसी-यह बात हर दिल को खुशी से भर देती है। इस मुबारक मौके ...