गंगापार, नवम्बर 23 -- मृदा परीक्षण अभियान के तहत हरभानपुर में आयोजित किसान चौपाल में मुख्य अतिथि इफको के कृषि वैज्ञानिक डॉ. केएन तिवारी ने कहा कि मिट्टी की नियमित जांच से सूक्ष्म तत्वों की कमी पता चलता है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कारडेट के प्रधानाचार्य डॉ. डीके सिंह ने कहा कि दानेदार उर्वरकों के अत्यधिक प्रयोग से मिट्टी के साथ भूगर्भ जल को नुकसान पहुंच रहा है। जबकि जैव उर्वरक और फसल अवशेष प्रबंधन से मिट्टी स्वास्थ्य बेहतर होता है। कार्यक्रम में किसानों को मृदा परीक्षण हेतु मिट्टी का नमूना लेने की विधि का प्रदर्शन भी कराया गया।
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