शामली, नवम्बर 13 -- कांधला। नगर में श्री रामलीला कमेटी के आयोजन में कथित बाधा डालने और न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन करने के आरोपों पर उत्तर प्रदेश राज्य मानवाधिकार आयोग ने सख्त रुख अपनाते हुए थाना प्रभारी , दो उपनिरीक्षकों तथा एसडीएम कैराना के खिलाफ तत्काल जांच के निर्देश जारी कर दिए हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि किसी भी धार्मिक अनुष्ठान को रोकना कानून के विरुद्ध है और न्यायालय के आदेशों का पालन अनिवार्य है। शिकायतकर्ता आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने आरोप लगाया है कि 4 अक्टूबर 2025 को पुलिसकर्मियों ने बिना वारंट घर में घुसकर धमकी दी, जबकि रामकथा-रामलीला का आयोजन न्यायालय के आदेश से हो रहा था। आयोग ने मामले को एसपी शामली को भेजकर विस्तृत विवेचना और कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ धार्मिक स्वतंत्रता व मानवाधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करने के आदेश ...