रिषिकेष, जनवरी 22 -- बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि ऋषिकेश केवल योग और साधना की भूमि नहीं, बल्कि मानवता को दिशा देने वाला वैश्विक आध्यात्मिक केंद्र है। गुरुवार को परमार्थ निकेतन पहुंचे आचार्य धीरेंद्र का शंखध्वनि, वेदमंत्रोच्चार और पुष्पवर्षा के साथ भव्य स्वागत किया गया। परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती से भेंट के दौरान उन्होंने सनातन धर्म की जीवंत परंपरा, युवा पीढ़ी को आध्यात्मिक मूल्यों से जोड़ने, राष्ट्र की सांस्कृतिक चेतना और सेवा को साधना बनाने जैसे विषयों पर गहन मंथन किया। स्वामी चिदानंद सरस्वती ने श्रीराम लला प्रतिष्ठा-2026 के अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि 22 जनवरी भारत की आत्मा और सनातन चेतना के पुनर्जागरण का महापर्व है। उन्होंने कहा कि श्रीराम भारत के प्राण हैं, मर्यादा, क...