गोपालगंज, जून 25 -- उचकागांव, एक संवाददाता। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के मीरगंज सेवा केंद्र पर संस्थान की प्रथम मुख्य प्रशासिका मातेश्वरी जगदम्बा सरस्वती का 59वां स्मृति दिवस बुधवार को आध्यात्मिक ज्ञान दिवस के रूप में श्रद्धाभाव से मनाया गया। सेवा केंद्र प्रभारी राजयोगिनी सुनीता बहन ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि मम्मा की वाणी सरल, मधुर और अत्यंत प्रभावशाली थी। उनकी बातों को सुनते ही श्रोताओं के विचारों में परिवर्तन आ जाता था। निर्णय लेने और दूसरों को परखने की उनमें गजब की क्षमता थी। वे बच्चों को स्नेह देकर सहज ही आत्मसमर्पण के मार्ग पर ला देती थीं। उन्होंने बताया कि मम्मा का अलौकिक नाम राधे था। वे शिवबाबा की हर बात को प्रेमपूर्वक सुनती थीं और उसे अपने जीवन में उतारकर दूसरों तक सरलता से पहुंचाती थीं। इसीलिए उन्ह...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.