गोरखपुर, सितम्बर 14 -- गोरखपुर, निज संवाददाता पुत्र की लंबी उम्र और खुशहाली की कामना को लेकर रविवार को माताओं ने श्रद्धा और भक्ति के साथ जीवित्पुत्रिका व्रत निर्जल रखा। पूरे दिन निर्जल रहकर माताओं ने शाम को विधिपूर्वक पूजा-अर्चना की और व्रत की कथा सुनकर अपनी भक्ति को पूर्ण किया। व्रत की तैयारी ब्रम्ह मुहूर्त में फल, दही, दूध और मिठाई के साथ सरगी ग्रहण कर की गई। दिनभर माताएं घरों एवं मंदिरों में पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन में लीन रहीं। शाम को वे मंदिरों में जाकर बरियार के पौधे की पूजा अर्चना के साथ समूह में बैठकर राजा जीमूतवाहन और राजा परिक्षित की कथा सुनती दिखाई दीं। इस अवसर पर महिलाएं एक जगह इकट्ठा हुईं। गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर, मोहद्दीपुर, गोरखनाथ, सेंट एंड्रयूज कॉलेज परिसर, कूड़ाघाट और पैडलेगंज सहित अन्य जगहों पर माताओं ने उत्साहपूर...
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