मिर्जापुर, अप्रैल 6 -- विंध्याचल,हिन्दुस्तान संवाद। चैत्र नवरात्र के नवमी के अवसर पर विंध्याचल मेले में आस्था का सैलाब उमड़ा। भक्तों ने जगत कल्याणी मां विंध्यवासिनी के नवम सिद्धदात्रि स्वरूप का दर्शन पूजन कर अपने जीवन को धन्य बनाया। अष्टमी की मध्यरात्रि से ही भक्तों के पहुंचने का सिलसिला प्रारंभ हो गया। जैसे जैसे रात गहराती रही भीड़ भी बढ़ी रही। भोर होते ही विंध्यधाम की चारों गलियां श्रद्धालुओं से भर गईं। हाथ में नारियल,चुनरी,इलाचीदान और मातारानी को पसंद लाल गुड़हाल के फूलों की माला लिए कतार में खड़े हो गए। जय माता दी के जयकारे के साथ धीरे-धीरे आगे बढ़ते रहे। गर्भगृह में पहुंच कर अपनी बारी आने पर जगतेश्वरी मां विंध्यवासिनी के चरणों में प्रसाद अर्पण कर आशीर्वाद लेकर बाहर निकले। पूरानी वीआईपी,न्यूवीआईपी,जयपुरिया गली,कोतवाली गली में तिल रखने...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.