गंगापार, फरवरी 6 -- लगभग दस हजार मतदाताओं वाले विकास खंड के सबसे बड़े ग्राम पंचायत मांडा खास के जमीनों का दशकों से तहसील या जिले में कोई नक्शा ही नहीं है। नक्शा न होने से राजस्व कर्मचारियों और काश्तकारों को काफी परेशानी उठानी पड़ती है। जमीन संबंधी विवादों का निस्तारण भी नक्शा के अभाव में नहीं हो पाता। पिछले तीस साल से मांडा ब्लॉक व थाना मुख्यालय वाले ग्राम पंचायत मांडा खास का नक्शा ही तहसील मेजा या जनपद प्रयागराज में उपलब्ध नहीं है। जंगली भूभाग में बसे मांडा खास ग्राम पंचायत के चफला मोहल्ले के लगभग पांच सौ बीघे जमीन का एक ही नंबर है और इस नंबर पर सैकड़ों पट्टा धारक हैं। कब्जा के आधार पर लोग अपने खेतो में जोताई बोआई करते हैं। जब जमीन संबंधित दो काश्तकारों के मध्य विवाद होता है, तो संबंधित लेखपाल या राजस्व अधिकारी मामले का निस्तारण नहीं कर ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.