हरिद्वार, जनवरी 13 -- एसएमजेएन पीजी कॉलेज में लोहड़ी पर्व हर्षोल्लास से मनाया गया। प्राचार्य प्रो. सुनील बत्रा ने लोहड़ी पर्व की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सामाजिक प्रासंगिकता से रूबरू कराया। उन्होंने विशेष रूप से 'सुंदरिए मुंदरिए' और 'दुल्ला भट्टी' से जुड़े लोक गीतों और उनके ऐतिहासिक संदर्भ को समझाया। उन्होंने बताया कि मुगल काल में दुल्ला भट्टी ने गरीब और असहाय लड़कियों की रक्षा करते हुए उनके सम्मान और सुरक्षा को सुनिश्चित किया। उनकी गाथा अन्याय के खिलाफ खड़े होने के साथ वंचित वर्ग, विशेषकर महिलाओं की रक्षा की प्रेरणा देती है। यही कारण है कि लोहड़ी पर्व आज भी महिला सशक्तीकरण और सामाजिक समरसता का प्रतीक माना जाता है। इस दौरान डीन-वाणिज्य वीपी श्रीवास्तव, डॉ. एसके माहेश्वरी, प्रो. जेसी आर्य, डॉ. मनमोहन गुप्ता, प्रो. विनय थपलियाल, डॉ. सुषमा नय...