पिथौरागढ़, नवम्बर 5 -- थल। कृषि विज्ञान केंद्र गैना के वैज्ञानिकों ने महिला आश्रम मुवानी में प्राकृतिक खेती व मशरुम उत्पादन के बारे में बताया। एग्रोनोमी विशेषज्ञ डॉ. अवतार सिंह व मशरूम विशेषज्ञ डॉ. महेन्द्र सिंह भाकुनी ने कार्यशाला में उपस्थित कृषकों व प्रतिभागियों को जीवामृत निर्माण के बारे में जानकारी दी। विशेषज्ञों ने बताया कि रासायनिक खेती के दुष्प्रभाव से बचने के लिए प्राकृतिक खेती को अपनाना आज की जरूरत है। अत्यधिक कैमिकल्स उपयोग से मानव जीवन नई नई बीमारियों से घिरता जा रहा है तथा धरती संतुलन भी बिगड़ गया है। प्राकृतिक खेती जीरो बजट खेती है,किसानों को मशरूम उत्पादन, मधु मक्खी पालन तथा मत्स्य पालन जैसे काम भी करने चाहिए। इस दौरान मुवानी ग्राम प्रधान जगत सिंह मेहता,डॉ.मुकुल कांडपाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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