मथुरा, फरवरी 13 -- यमुना कार्ययोजना की बैठक में यमुना में व्याप्त गंदगी और दुर्गंध के मुद्दे पर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। महाशिवरात्रि के बाद यमुना के जलस्तर में कमी लाते हुए घाटों का किनारे तली से सिल्ट निकालने का अभियान शुरु किया जाएगा। इसके साथ ही नोडल अधिकारी ने किसी भी सूरत में नालों का ओवर फ्लो रोकने तथा प्रदूषण फैलाने वाली आद्योगिक इकाईयों का निरंतर निरीक्षण करने के निर्देश दिए। यमुना कार्ययोजना के नोडल अधिकारी एवं अपर जिलाधिकारी (वित्त) डा. पंकज वर्मा की अध्यक्षता में हुई बैठक में याचिकाकर्ता गोपेश्वर नाथ चतुर्वेदी ने यमुना में व्याप्त प्रदूषण का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि यमुना में भीषण गंदगी है। दुर्गंध की वजह से यमुना के घाटों पर बैठना भी मुश्किल हो रहा है। यही नहीं टेप किए गए नाले ओवर फ्लो हो रहे हैं। बायो मेडिकल वेस्ट...