वाराणसी, जनवरी 13 -- वाराणसी, वरिष्ठ संवाददाता। अघोरेश्वर भगवान राम घाट पर स्थित महाविभूति स्थल पर मंगलवार को मां महा मैत्रायणी योगिनी का 34वां निर्वाण दिवस मनाया गया। इस अवसर पर पारिवारिक विचार गोष्ठी में औघड़ बाबा गुरुपद संभव राम ने कहा कि महापुरुष और गुरुजन हमें अपने तदरूप बनाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि हमलोगों का आचरण-व्यवहार हर जगह बदलता रहता है। जीवन के बहुत से ऐसे भटकाव हैं, आकर्षण हैं, जिन्हें रोकने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि शिक्षा बहुत आवश्यक है। आगे बढ़ाने के लिए, राष्ट्र-समाज को दिशा देने, आगे बढ़ाने के लिए लेकिन इसमें अपवाद भी है। कई लोग शिक्षा लेकर ऊटपटांग कृत्य करते हैं, देशद्रोह करते हैं। वहीं कोई अशिक्षित होकर भी बहुत अच्छा कार्य करते हैं। मां महा मैत्रायणी योगिनी कितना पढ़ी थीं? उस समय पढ़ाई-लिखाई, स्कूल बहुत कम ...