हिन्दुस्तान ब्यूरो, नवम्बर 17 -- बिहार विधानसभा चुनाव में विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) का खाता नहीं खुला। महात्वाकांक्षा के बोझ से मुकेश सहनी की नाव डूब गई। इस चुनाव में वह उतरे ही अपने लिए डिप्टी सीएम पद और 60 सीटों की मांग के साथ। इनके भारी दबाव से महागठबंधन ने उप मुख्यमंत्री पद का प्रत्याशी तो सहनी को घोषित कर दिया, लेकिन सीटें महज 15 ही दीं। उनमें से भी तीन सीटें इन्हें राजद की जिच की वजह से छोड़नी पड़ी। तारापुर सीट पर इनके घोषित उम्मीदवार ने ही पार्टी छोड़ दी। महागठबंधन में वीआईपी को मिले कुल सीटों में आधे से अधिक सीटों पर अत्यंत पिछड़ा वर्ग से प्रत्याशी उतारे गए थे। मुकेश सहनी चुनावी सभाओं में यह कहते रहे कि महागठबंधन के दलों को मल्लाह-निषाद पूरा समर्थन दें, महागठबंधन जीता उसके समाज का बेटा बिहार का उपमुख्यमंत्री बनेगा। बावजूद इसक...
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