नई दिल्ली, अप्रैल 10 -- जम्मू-कश्मीर में संशोधित वक्फ कानून को लेकर धार्मिक प्रतिनिधियों द्वारा बुलाई गई बैठक को रोके जाने पर ऑल पार्टी हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के वरिष्ठ नेता और मुत्तहिदा मजलिस-ए-उलमा (MMU) के प्रमुख मीरवाइज उमर फारूक ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने बुधवार को कहा कि श्रीनगर स्थित उनके निवास पर प्रस्तावित बैठक को पुलिस ने अनुमति नहीं दी है। मीरवाइज ने इसे धार्मिक प्रतिनिधियों के शांतिपूर्ण विचार-विमर्श के अधिकार का हनन बताया। उन्होंने कहा कि नए वक्फ कानून के खिलाफ एक संयुक्त प्रस्ताव तैयार किया गया है, जिसे शुक्रवार को मस्जिदों और धार्मिक कार्यक्रमों में पढ़ा जाएगा। उनकी पार्टी ने इस मुद्दे पर ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के रुख को भी अपना समर्थन दिया है। एमएणयू घाटी के विभिन्न धार्मिक संगठनों का एक संयुक्त मंच...
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