नई दिल्ली, जुलाई 9 -- सुप्रीम कोर्ट ने बिहार विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कराने के निर्वाचन आयोग के फैसले के खिलाफ दो सामाजिक कार्यकर्ताओं की याचिका पर सुनवाई के लिए बुधवार को सहमति जताई। न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया और न्यायमूर्ति जॉयमला बागची की पीठ अन्य लंबित याचिकाओं के साथ इस पर गुरुवार को सुनवाई के लिए सहमत हुई। इससे पहले अधिवक्ता वृंदा ग्रोवर ने मामले पर तत्काल सुनवाई का अनुरोध किया। ग्रोवर ने कहा कि अरशद अजमल और रूपेश कुमार ने राज्य में एसआईआर कराने के निर्वाचन आयोग के 24 जून के फैसले को चुनौती दी है। उन्होंने आयोग के आदेश को असंवैधानिक बताया। दलील दी है यह प्रक्रिया संविधान की मूल संरचना की अभिन्न विशेषताओं यानी स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव और चुनावी लोकतंत्र के सिद्धांतों को कमजोर करती है। कहा क...
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