चित्रकूट, फरवरी 14 -- चित्रकूट। संवाददाता राज्य सूचना आयुक्त पदुम नारायण द्विवेदी ने शनिवार को पीडब्लूडी गेस्ट हाउस में अधिकारियों के साथ आरटीआई मामलों की समीक्षा की। जनसूचना अधिकारियों को हिदायत देते हुए कहा कि आवेदकों को भ्रमित न करें। बल्कि उनको तथ्यों पर आधारित सूचना उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा कि सूचना का अधिकार नागरिक सशक्तिकरण का एक अत्यंत प्रभावशाली माध्यम है। जिसे सिक्स इन वन की संज्ञा भी दी जाती है। स्पष्ट किया कि अधिनियम के तहत मांगी गई सूचनाएं निर्धारित 30 कार्य दिवस के भीतर उपलब्ध कराना अनिवार्य है। सूचना प्राप्त न होने या असंतोषजनक उत्तर की स्थिति में आवेदक प्रथम अपील व द्वितीय अपील की शरण ले सकता है। समाधान न होने पर प्रकरण आयोग के समक्ष प्रस्तुत होता है। अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवेदकों को भ्रमित करने के बजाय तथ्यों पर ...