अमरोहा, जून 10 -- हसनपुर। भीषण गर्मी के दौरान लंबे समय तक सिंचाई न मिलने से हरा चारा जहरीला बन सकता है। इसके सेवन से पशु की मौत भी हो सकती है। जरूरी है कि समय-समय पर सिंचाई के बाद ही हरा चारा पशुओं को खाने के लिए दें। कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक लंबे समय तक चारे की सिंचाई न होने की दशा में हानिकारक रसायन बन जाता है, जो पशुओं के लिए घातक है। कृषि वैज्ञानिकों का सुझाव है कि हरे चारे मसलन बाजरा, मक्का व ज्वार की समय-समय पर सिंचाई करते रहें। पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी पड़ रही है। दूसरी ओर किसानों का कहना है कि फसल सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है। ऐसे में हरे चारे के जहरीला होने की आशंका बनी हुई है। उप निदेशक कृषि डा.रामप्रवेश ने बताया कि लंबे समय तक सिंचाई न होने से हरे चारे खासकर ज्वार में पोटेशियम साइनाइड नाम का जहर पैदा हो ज...
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