शामली, नवम्बर 10 -- नगर के पूर्वी यमुना नहर तट पर बसे सिद्ध पीठ मनकामेश्वर महादेव मंदिर प्रांगण में चल रही श्रीमद् भागवत दिव्य कथा के पांचवें दिन भगवान श्रीकृष्ण की जन्म से जुड़ी बाल लीलाओं का जीवंत चित्रण हुआ। कथावाचक ब्रह्मस्वरूपानन्द जी महाराज ने श्रद्धालुओं को गहन आध्यात्मिक प्रवचनों से सराबोर करते हुए पूतना वध, गोवर्धन लीला, मथुरा गमन जैसी कथाओं के माध्यम से जीवन के गूढ़ रहस्यों को उकेरा। हजारों भक्तों की उपस्थिति में यह कथा न केवल मनमोहक रही, बल्कि कलियुग में हरि नाम के महत्व को भी रेखांकित करती नजर आई। श्री श्री 1008 परमहंस स्वामी विशुद्धानन्द जी महाराज के परम कृपा-पात्र शिष्य ब्रह्मस्वरूपानन्द जी महाराज ने कथा के इस दिन भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के बाद की शरारतों को बड़े ही जीवंत ढंग से वर्णित किया। उन्होंने बताया कि कैसे बालकृ...