चतरा, सितम्बर 21 -- इटखोरी, प्रतिनिधि। भद्रकाली मंदिर के पीछे महोत्सव स्थल पर रविवार को शिवगुरू महोत्सव का आयोजन किया गया। महोत्सव में यूपी, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, बंगाल के कई जिलों से सैकड़ों शिव शिष्य शामिल हुए । इनमें से मुख्य वक्ता दिल्ली से आये भारतेंदु घोष, औरंगाबाद से शिवपूजन सिंह, बिजेंद्र सिंह, गया से गुड्डू जी, संतीश कुमार, अनिरुद्ध जी, छत्तीसगढ़ से अजय सिंह, चतरा से अखिलेश प्रसाद, नुनु लाल, नवीन, राजेन्द्र, श्यामकिशोर कौशल, राजेन्द्र जी उपस्थित थे। इस मौके पर मुख्य वक्ता के रुप में भारतेंदु घोष व शिवपूजन सिंह व अन्य ने कहा कि भगवान शंकर अनादि गुरु है। उनकी अनुभूति मात्र से जीवन सफल हो जाता है। शिव आज भी गुरु है , शिव नाम के नहीं, काम के गुरु है। जिसका प्रमाण आप लोग अपनी आंखों से शिव परिचर्चा में उमड़ी जैन सैलाब को देख कर लगा सकत...
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