घाटशिला, फरवरी 2 -- घाटशिला, संवाददाता। मनुष्य जैसी भगवान की भक्ति करता है, वैसा ही फल मिलता है। आप पर जितना भी संकट क्यों ना आ जाये, सभी ग्रह आपके विपरीत हों, लेकिन अगर आप सिर्फ भगवान नारायण का जाप करते हैं तो सभी कष्टों से मुक्ति मिलेगी। यह बातें श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन वृंदावन धान से आये राजेन्द्र जी महराज ने राममंदिर परिसर में श्रोताओं को कथा वाचते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार मेहंदी के पत्ते का रंग हरा होता है और हाथों में लगाने से वह लाल दिखता है, वैसे ही भगवान की भक्ति सच्चे मन से करो, भगवान कब तुम पर प्रसन्न होकर फल दें यह कहना मुश्किल है। राजेन्द्र जी महराज ने कहा कि राजा को कभी अंहकारी नहीं होना चाहिए, जो राजा अंहकारी होता है, उसके राजपाठ सभी नष्ट हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार बगीचे की शोभा माली से होती ह...