नई दिल्ली, दिसम्बर 2 -- भारत में जन्मी और ब्रिटेन में प्रोफेसर निताशा कौल की एक याचिका पर दिल्ली उच्च न्यायालय ने मंगलवार को केन्द्र सरकार को नोटिस जारी किया है। अपनी याचिका में निताशा ने केंद्र सरकार के उस फैसले को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें भारत आने से ब्लैकलिस्ट किया गया है, साथ ही उनका ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया (OCI) स्टेटस भी रद्द कर दिया गया है। जस्टिस सचिन दत्ता की पीठ ने कौल की अंतरिम राहत अर्जी पर भी नोटिस जारी किया है, जिसमें उन्हें अपनी बूढ़ी व बीमार मां की देखभाल के लिए तीन सप्ताह के लिए भारत आने की इजाजत मांगी गई है। कौल ने अपनी याचिका में तर्क दिया है कि उनका OCI स्टेट्स रद्द करना और उन्हें कालीसूची में डालना कानूनी तौर पर सही नहीं है। याचिका में कहा गया कि वह मूल रूप से कश्मीरी हैं और उनकी मां 72 साल की हैं। उन्हें अपनी बुजु...