नई दिल्ली, फरवरी 2 -- केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने रविवार को यह कहकर विवाद खड़ा कर दिया कि जनजातीय मामलों का मंत्रालय 'सवर्ण जाति' के लोगों को संभालना चाहिए। हालांकि, बाद में उन्होंने अपनी यह टिप्पणी वापस ले ली। अभिनय जगत से राजनीति में आए गोपी ने दिल्ली विधानसभा के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पक्ष में प्रचार करने के दौरान एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि जनजातीय कल्याण में वास्तविक प्रगति तभी संभव होगी, जब मंत्रालय की जिम्मेदारी 'सवर्ण जाति' के नेता संभालेंगे। उन्होंने कहा कि यह मेरा सपना है कि आदिवासी समुदाय से इतर किसी व्यक्ति को उनके कल्याण के लिए नियुक्त किया जाए। किसी ब्राह्मण या नायडू को जिम्मेदारी दी जाए। गोपी ने इस टिप्पणी की आलोचना होने पर सफाई देते हुए कहा कि उन्होंने अच्छे इरादे से ...
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