हजारीबाग, अक्टूबर 7 -- सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मनरेगा को लागू हुए 17 वर्ष पूरे हो चुके हैं। यह योजना गरीब वर्ग के जीवन में बड़ा बदलाव लेकर आई और संकट के समय-जैसे आर्थिक मंदी या महामारी-करोड़ों परिवारों के लिए सहारा बनी। गांवों में रोजगार और विकास के क्षेत्र में यह योजना सबसे प्रभावशाली साबित हुई है। लेकिन वर्षों बाद भी मनरेगा कर्मी खुद उपेक्षा के शिकार हैं। उन्हें समय पर मानदेय नहीं मिलता, ईपीएफ और बीमा जैसी बुनियादी सुविधाएं अभी तक नहीं मिली हैं। हिन्दुस्तान के बोले हजारीबाग कार्यक्रम में लोगों ने प्रशासन से समाधान की मांग की। हजारीबाग। सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मनरेगा को लागू हुए सत्रह वर्ष बीत चुके हैं। इस योजना ने गांव और गरीब मजदूर वर्ग के जीवन में बड़ा परिवर्तन लाया है। जब देश में आर्थिक संकट या महामारी जैसी स्थिति आई तब मनर...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.