सीतापुर, अक्टूबर 7 -- ग्रामीण भारत के स्वास्थ्य परिदृश्य को बदलने और प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को आम आदमी की दहलीज तक पहुंचाने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य के साथ स्थापित किए गए आयुष्मान आरोग्य मंदिर जिले में मिली जुली तस्वीर पेश कर रहे हैं। इन केंद्रों की स्थापना का मुख्य उद्देश्य सुदूर गांवों के नागरिकों को उनके घर के करीब इलाज, दवाइयां और आवश्यक जांच की सुविधा उपलब्ध कराना था। जिले में मौजूदा समय में कुल 433 आरोग्य मंदिर हैं, जो तमाम जरूरी स्वास्थ्य सुविधाओं से लैस हैं। इनमें इलाज और दवाओं के अलावा, किट-आधारित परीक्षणों के माध्यम से जांच की सुविधा भी उपलब्ध है। इन केन्द्रों पर मधुमेह, उच्च रक्तचाप, एनीमिया और गर्भावस्था से संबंधित आवश्यक जांचे शामिल हैं। इन आरोग्य मंदिरों पर औसतन रोजाना 20 से 25 मरीज पहुंचते हैं। ग्रामीण इलाकों में खुले इन ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.