सीतापुर, जुलाई 27 -- एम्बुलेंस सेवा की सुविधा पाना खासतौर से ग्रामीण क्षेत्र में बहुत ही कठिन है। सेवा देने वाली फर्म भले ही इस बात का दावा करती हैं कि उनका रिस्पांस टाइम सात से आठ मिनट है। लेकिन सच्चाई इसके एकदम उलट है। एक तो एम्बुलेंस सेवा के लिए फोन मिलना ही टेढ़ी खीर है। लोग फोन मिलाते रहते हैं मगर लाइन हमेशा व्यस्त रहती है। आधा-आधा घंटे तक लोग फोन करते हैं तो बात हो पाती है। इसके अलावा मरीज या उनके परिजन द्वारा फोन किए जाने के एक घंटे से भी अधिक समय बाद एम्बुलेंस मरीज के पास पहुंच पाती हैं। यह स्थिति किसी एक कस्बे या गांव की नहीं है बल्कि पूरे जिले में है।इसे लेकर मरीज व तीमारदारों से जब आपके अपने हिन्दुस्तान समाचार पत्र ने बात की तो सभी का दर्द छलक पड़ा। लोगों ने कहा कि रिस्पॉस टीम सख्ती से लागू हो तो कई लोगों की जान बच सकती है। एम्...
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