भागलपुर, जनवरी 11 -- -प्रस्तुति: गोपाल कृष्ण सलखुआ प्रखंड क्षेत्र में नशे के खिलाफ ग्रामीणों की एकजुटता अब सामाजिक बदलाव की सशक्त मिसाल बनती जा रही है। बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने के बावजूद ग्रामीण इलाकों में शराब, कोरेक्स, गांजा, स्मेक, सुलेशन, नशा का टेबलेट जैसे नशीले पदार्थों का अवैध कारोबार और सेवन तेजी से फैल रहा है। जिससे समाज के युवा वर्ग बर्बाद हो रहे हैं इसके साथ ही अपने स्वास्थ्य को भी खराब कर रहे हैं। जिससे न सिर्फ उनका भविष्य अंधकार में जा रहा है, बल्कि परिवारों की शांति और सामाज बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। इसी गंभीर स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने अब स्वयं जिम्मेदारी संभाल ली है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि समाजसेवी, प्रशासन समेत जनसहभागिता से इस मुहिम के जरिए युवाओं को नशे से बचाया जा सकता है। कोपरिया पंचायत में शुरू ...