मैनपुरी, जुलाई 9 -- ब्लॉक जागीर की ग्राम पंचायत सगामई विकास की मुख्यधारा से वर्षों से कटती चली आ रही है। करीब 4800 की आबादी और 3500 से अधिक मतदाताओं ने विकास के वादों पर भरोसा जताकर सरकार को चुना था। लोगों को उम्मीद थी कि अब गांव में सड़कें बनेंगी, साफ-सफाई सुधरेगी, पानी और स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ होंगी। मगर हकीकत इससे एकदम उलट है। टूटी पड़ी सड़कों, जगह-जगह फैली कीचड़ और लीकेज से बर्बाद होता पानी यहां की असल तस्वीर बयां करते हैं। स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव, खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटें और सफाईकर्मियों की कमी ने ग्रामीणों की समस्याएं और बढ़ा दी हैं। योजनाएं कागज़ों से बाहर नहीं निकल पा रहीं और जिम्मेदार अधिकारी शिकायतों के बावजूद चुप्पी साधे हुए हैं। सगामई ग्राम पंचायत आज भी बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। विकास के वादों पर 3500 से अधिक मतदाताओं ने सरक...
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