मेरठ, फरवरी 16 -- दिल्ली-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) मेरठ के लिए एक ट्रेन नहीं, बल्कि विकास की एक नई उम्मीद है। रैपिड और मेट्रो के शुरू होने से शहर आर्थिक रूप से मजबूत, सामाजिक रूप से समृद्ध और पर्यावरण रूप से जिम्मेदार बनेगा। इसके साथ ही इंफ्रास्ट्रक्चर को नया विस्तार मिलेगा। मेरठवासी यदि इस अवसर को बेहतर तरीके से अपनाते हैं, तो यह शरूआत मेरठ को एनसीआर के एकदम नजदीक ही नहीं बल्कि भारत के उभरते मेगा-सिटीज की कतार में लाकर खड़ा कर देगी। लोगों का मानना है, यह यात्रा की शुरूआत है, एक ऐसे भविष्य की, जहां मेरठ की संभावनाएं असीमित होंगी। रैपिड-मेट्रो के चलने से शहर ही नहीं ग्रामीण इलाकों के लोगों को भी भरपूर लाभ मिलने की संभावनाएं बढ़ेंगी। जब कोई शहर अपने भविष्य की ओर कदम बढ़ाता है, तो वह सिर्फ ईंट-पत्थरों की संरचना नहीं बदलता, ...