प्रतापगढ़ - कुंडा, नवम्बर 23 -- जिले के गो-संरक्षण केंद्र में संरक्षित गोवंशों के लिए प्रशासन की ओर से हर महीने करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही और मनमाने रवैये के कारण गोवंश उपेक्षित हैं। जिले के इक्का-दुक्का गोसंरक्षण केंद्रों को छोड़ दें तो अधिकतर ऐसे हैं जिनमें संरक्षित गोवंश चारा, पानी और देखरेख से वंचित हैं। गो-संरक्षण केंद्र में संरक्षित गोवंशों को मिलने वाली सुविधाओं पर नजर रखने के लिए जिलाधिकारी के निर्देश पर सीसीटीवी कैमरे लगा दिए और विकास भवन में कंट्रोल रूम की स्थापना कर दी गई। बावजूद इसके गोशाला की अव्यवस्था दूर नहीं हो रही है। वर्तमान में ठंड बढ़ने लगी है, हालांकि धूप होने के कारण ठंड का असर अधिक नहीं है लेकिन तापमान लुढकने से गलन बढ़ने लगी है। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी की ओर से ठंड से गोवंशों को...
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