बाराबंकी, नवम्बर 2 -- ऊर्जा विभाग की ओर से बिजली उपभोक्ताओं के लिए पारदर्शी बिलिंग और आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्मार्ट मीटर लगाने का अभियान जोरों पर है। जिले से लेकर तहसील और कस्बों तक ठेकेदार व बिजली विभाग की टीमें लगातार मीटर बदलने का काम कर रही हैं। लेकिन स्मार्ट मीटर लगाने में कर्मचारियों को रोजाना दर्जनों समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। अधिकारियों व कर्मचारियों की उपभोक्ताओं से नोक झोक, बहस होना रोजाना की बात हो गई है। तहसील से लेकर कस्बाई क्षेत्रों के लोगों में जागरूकता की कमी के चलते कई उपभोक्ता स्मार्ट मीटर लगवाने से हिचकिचा रहे हैं या विरोध कर रहे हैं। ग्रामीण इलाक़ों में यह समस्या और ज़्यादा देखने को मिल रही है, जहां उपभोक्ताओं को यह डर सता रहा है कि स्मार्ट मीटर से बिल बढ़ जाएंगे या बिजली कटौती अपने-आप हो जाएगी...